स्मूद कोटेड ओटर– उपेक्षित लुप्तप्राय जलमानुष
स्वस्थ नदी तंत्र के सूचक ऊदबिलाव जलीय खाद्य श्रृंखला में अहम भूमिका निभाते हैं जिसको पहचानते हुए इनके…
चम्बल और उसके बीहड़ इस श्रेणी का विषय हैं — राष्ट्रीय चम्बल अभयारण्य, धौलपुर, करौली के बीहड़ और कोटा बैराज तक का हिस्सा। नदी, उसका पानी और किनारे की कटी हुई मिट्टी यहाँ बार-बार लौटते हैं। अभी 14 लेख हैं, अधिकतर हिंदी में।
स्मूद कोटेड ओटर इस श्रेणी का सबसे बार-बार आने वाला जीव है — कुत्तों के साथ उसका संघर्ष, और मगरमच्छ के पास उसका व्यवहार। इसके अलावा पानी की सतह चीरता पनचीरा, जगह के लिए जूझता रिवर टर्न, घड़ियालों के नए आवास की खोज, करौली की ठेकरा गौशाला में गिद्धों का नया आश्रय, पत्थर इकट्ठा करने वाला ककरगड़ा सांप, और इंडियन रॉउंड लीफ बैट की खोज।
स्वस्थ नदी तंत्र के सूचक ऊदबिलाव जलीय खाद्य श्रृंखला में अहम भूमिका निभाते हैं जिसको पहचानते हुए इनके…
पनचीरा कलाबाजी खाते हुए और करीने से पानी को चीरते हुए मछली का शिकार कर यह सिद्ध कर…
राजस्थान के प्रसिद्ध इतिहासकार कर्नल जेम्स टॉड ने भैंसरोडगढ़ को “राजस्थान के स्वर्ग” की संज्ञा दी और कहा…
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