सरिस्का व जयपुर

यह श्रेणी सरिस्का बाघ अभयारण्य और अलवर से लेकर जयपुर के आसपास के जंगलों — झालाना, नाहरगढ़, आमागढ़ — और दौसा तक के क्षेत्र की सामग्री रखती है। अभी इसमें 14 लेख हैं, जिनमें से अधिकांश हिन्दी में हैं।

यहाँ सरिस्का में बाघों की क्षेत्र सीमाओं का प्रारूप, भामर मधुमक्खी पर हुआ अध्ययन, और यह सवाल कि मृत बाघ को मृतभक्षी खाते हैं या नहीं — सब दर्ज है। साथ में वन रक्षक अभिषेक सिंह शेखावत और राजाराम मीणा के काम पर लिखा गया है, दुर्लभ पेन्टेड चमगादड़ पर, और पुलिस के तीतर व एक बाजदार के फाल्कन की पुरानी कहानी पर भी।

THE UNTAMED: RANTHAMBHORE | JHALANA
समुदाय व लोग

THE UNTAMED: RANTHAMBHORE | JHALANA

This book is majorly based on Abhikram’s photography expeditions to Ranthambhore Tiger Reserve and Jhalana Leopard Reserve, and…

THE UNTAMED: RANTHAMBHORE | JHALANA
समुदाय व लोग

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यह पुस्तक अभिक्रम शेखावत के 4 सालों के रणथम्भौर नेशनल पार्क व झालाना लेपर्ड पार्क के वन्यजीव फोटोग्राफी…