प्रोफेसर ईश्वर प्रकाश: जीवनी परिचय
प्रोफेसर ईश्वर प्रकाश थार रेगिस्तान के अत्यंत महत्वपूर्ण जीव वैज्ञानिक रहे है। इनके द्वारा किये गए अनुसन्धान ने…
स्तनधारी श्रेणी में राजस्थान के जंगली स्तनपायी जीवन पर 93 लेख हैं, अधिकांश हिंदी में। रणथम्भौर और विंध्य क्षेत्र की सामग्री यहाँ सबसे अधिक है, और बाघ अब तक सबसे ज़्यादा लिखा गया विषय — पुनर्वास, शिकार और उसके साथ काम करने वाले लोग।
पर श्रेणी बाघ तक सीमित नहीं। यहाँ चौसिंगा, स्लॉथ बेयर की जीवन यात्रा, ऊदबिलाव और कुत्तों के बीच संघर्ष, जयपुर में बढ़ते तेंदुआ–मानव टकराव पर एक अलग दृष्टिकोण, तथा फ़तेह सिंह राठौड़ और रणथम्भौर के रेस्क्यूमैन जैसे लोगों पर लिखे लेख भी हैं।
प्रोफेसर ईश्वर प्रकाश थार रेगिस्तान के अत्यंत महत्वपूर्ण जीव वैज्ञानिक रहे है। इनके द्वारा किये गए अनुसन्धान ने…
This book is majorly based on Abhikram’s photography expeditions to Ranthambhore Tiger Reserve and Jhalana Leopard Reserve, and…
यह पुस्तक अभिक्रम शेखावत के 4 सालों के रणथम्भौर नेशनल पार्क व झालाना लेपर्ड पार्क के वन्यजीव फोटोग्राफी…
वर्तमान में संरक्षित क्षेत्रों (अभयारण्य / राष्ट्रीय उद्यान) को बाघ अभ्यारण्य में परिवर्तित करने की लगातार मांग हो…
There is a persistent demand for converting Protected Areas (sanctuaries/ national park) into tiger reserves in India is…
राजस्थान के हिल स्टेशन - माउंट आबू में भालू अक्सर कचरे के ढेरो के आसपास भोजन ढूंढते देखे…
जानिये राजस्थान के दुर्लभ नारंगी रंग के चमगादड़ों के बारे में जिन्हे चिड़िया के घोंसलों में रहना पसंद…
कुत्तों से फैला कैनाइन मोर्बिली वायरस या कैनाइन डिस्टेंपर वायरस शेर और बाघ के लिए खतरा बना गया…
हम सब मानते है की, शारीरिक दुर्बलता शिकारी जीवों के लिये उनकी जान की दुश्मन होती है। खासकर…
"कुत्ते निःसंदेह अपने जंगली रिश्तेदारों (भेड़िये एवं जंगली कुत्ते) के समान कुशल शिकारी नहीं होते परंतु फिर भी…