इंडियन कोर्सर और उसके चूज़ों का व्यवहार

इंडियन कोर्सर (Cursorius coromandelicus), एक जमीन पर रहने वाला पक्षी है तथा यह मिट्टी उथल कर सीधा जमीन पर ही अपना घोंसला बनाता है।

आसपास किसी की मौजूदगी महसूस होने पर यह झूठे घोंसले का नाटक करता है यानी जहाँ घोंसला होता ही नहीं है वहां ज़मीन पर बैठ जाता है ताकि देखने वाले का ध्यान इसकी तरफ रहे और असली घोंसला सुरक्षित बचा रहे।

शरुआती समय में माता-पिता ही चूजों को छोटे कीट उपलब्ध करवाते हैं जिनको वे खुले मैदानों में कभी आहिस्ता चलकर तो कभी दौड़-दौड़ कर पकड़ते हैं

माँ और चूजों में एक अनोखा ही जुड़ाव और संपर्क होता है जिसमें माँ जब दूर कहीं कोई कीट पकड़ती है तो चूजों को मालूम पड़ जाता है और वे दूर घोंसले में शोर मचाना शुरू कर देते हैं। और तब तक चुप नहीं होते जब तक माँ उस कीट को लेकर आ नहीं जाती। वैज्ञानिक भाषा में चूज़ों द्वारा खाने के लिया शोर मचाने के इस व्यवहार को बैग्गिंग (Bagging) कहा जाता है।

Discussion

4 comments

  1. @mannan.arya

    Thanks for sharing

  2. Rahul Misra

    Excellent

  3. भैरव दत्तJ

    सुंदर जानकारी

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